चीन में इमरान के ‘भीख’ मांगने पर फिर उड़ा पाकिस्तान का मजाक!

पाकिस्तान कोई न कोई ऐसी हरकत कर देता है जिससे दुनिया भर में उसकी कभी आलोचना होती है या फिर उसका मजाक बनता है. ताजा मामला पहली बार चीन पहुंचे पाकिस्तानी पीएम इमरान खान से जुड़ा है.

दरअसल चीन पहुंचे इमरान बीजिंग में भाषण दे रहे थे. पीटीवी ने अपने प्रधानमंत्री का यह भाषण लाइव दिखाया. चूक यहीं हुई. लाइव प्रसारण के दौरान स्क्रीन पर बीजिंग की जगह बेगिंग लिखा आ गया. यह चूक 20 सेकेंड तक स्क्रीन पर रही. इस गलती पर पाकिस्तान का खूब मजाक उड़ रहा है.

गौरतलब है कि पीएम बनने के बाद से इमरान दुनिया भर में अपने मुल्क की गरीबी का रोना रो रहे हैं. गरीबी दूर करने के लिए उन्होंने जहां तमाम खर्चों में कटौती की कोशिश की है, वहीं पीएम हाउस में मौजूद कार से लेकर भैंसें तक नीलाम कर दी गईं थीं.चीन की सत्तारूढ़ कम्युनिस्ट पार्टी के सेंट्रल पार्टी स्कूल में इमरान खान के भाषण के लाइव प्रसारण के दौरान स्क्रीन पर ‘बेगिंग’ (भीख मांगना) लिखने के लिये पीटीवी ने माफी मांगी है.

इमरान आर्थिक तंगी से गुजर रहे पाकिस्तान के लिए आर्थिक पैकेज सुनिश्चित करने के इरादे से चीन की आधिकारिक यात्रा पर गए थे.‘पीटीवी न्यूज’ के आधिकारिक ट्विटर हैंडल ने ट्वीट किया, ‘चीन की यात्रा पर गये प्रधानमंत्री के संबोधन के आज सीधे प्रसारण के दौरान वर्तनी से संबंधित गलती हुई. यह गलती करीब 20 सेकंड तक बनी रही, जिसे बाद में हटा लिया गया. इस घटना पर हमें खेद है. संबंधित अधिकारियों के खिलाफ नियम के तहत कार्रवाई शुरू कर दी गयी है.’

स्थानीय मीडिया के अनुसार यह चूक इसलिए भी खासतौर पर मजाक का पात्र बन गयी क्योंकि खान आसन्न आर्थिक संकट से जूझ रहे पाकिस्तान को इस संकट से उबारने की अपनी कोशिश के तहत चीन की यात्रा कर रहे हैं.

पाकिस्तान के सूचना एवं प्रसारण मंत्री फवाद चौधरी ने ‘पीटीवी’ द्वारा दिखाये गये डेटलाइन स्लग (जगह का नाम) को लेकर हुई व्यापक आलोचना के संदर्भ में जांच के आदेश दिये हैं.

पीटीवी की इस चूक की सोशल मीडिया पर जमकर आलोचना हुई. पाकिस्तान में ट्विटर पर #बेगिंग के साथ पोस्ट किये गये इसके स्क्रीनशॉट ट्रेंड कर रहे थे.

अपनी यात्रा के दौरान चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग और प्रधानमंत्री ली क्विंग से खान की बातचीत का मुख्य फोकस आर्थिक संकट का सामना कर रहे पाकिस्तान के लिये चीन से कर्ज मांगना था.

बहरहाल चीन ने कहा कि वह पाकिस्तान को आवश्यक सहयोग करेगा. ऐसी सूचना है कि चीन ने पाकिस्तान को छह अरब डॉलर की सहायता राशि देने की प्रतिबद्धता जतायी है, हालांकि अब तक इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है.